अर्जुनसिंह डोडिया ताल & धर्मेंद्र कुमार मंदसौर— मंदसौर जिले सीतामऊ समीप छोटी काशी सीतामऊ से लगभग 7 किलोमीटर दूर स्थित श्री मुवाझर माताजी मंदिर में नवरात्रि एवं दशहरे के पावन अवसर पर आस्था, भक्ति और धार्मिक उत्साह का अनूठा संगम देखने को मिला। माताजी मंदिर समिति मुवाला एवं श्री मुवाझर सामाजिक एवं जनकल्याण सेवा समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित तीन दिवसीय नवरात्रि महोत्सव के अंतर्गत विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम संपन्न हुए। महोत्सव का प्रमुख आकर्षण 21 हजार दीपों का भव्य दीपदान कार्यक्रम रहा, जिसमें आसपास के लगभग 30 गांवों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
मंदिर परिसर में आयोजित इस भव्य दीपदान कार्यक्रम में श्रद्धालुओं ने मां मुवाझर माताजी के चरणों में दीप प्रज्वलित कर अपनी श्रद्धा अर्पित की तथा परिवार की सुख-समृद्धि, खुशहाली और मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए प्रार्थना की। हजारों दीपों से आलोकित मंदिर परिसर भक्तिमय वातावरण का साक्षी बना। श्रद्धालुओं की सहभागिता ने आयोजन को विशेष धार्मिक और सांस्कृतिक स्वरूप प्रदान किया।
कन्या पूजन एवं कन्या भोज के साथ संपन्न हुआ नवरात्रि महोत्सव
तीन दिवसीय नवरात्रि महोत्सव के दौरान विधि-विधान से कन्या पूजन एवं कन्या भोज का आयोजन किया गया। भारतीय संस्कृति में कन्याओं को देवी स्वरूप मानकर उनकी पूजा-अर्चना करने की परंपरा के अनुरूप श्रद्धालुओं ने भक्तिभाव के साथ कन्या पूजन किया और कन्याओं को भोजन कराकर पुण्य लाभ प्राप्त किया।
अष्टमी के अवसर पर हवन की पूर्णाहुति के पश्चात 21 हजार दीपदान का भव्य आयोजन संपन्न हुआ। धार्मिक अनुष्ठानों के बीच श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और क्षेत्र की सुख-शांति तथा समृद्धि की कामना की।
संतों एवं गणमान्य अतिथियों ने किया दीपदान का शुभारंभ
दीपदान कार्यक्रम का शुभारंभ संत मृत्युंजय चैतन्य स्वामी, शवना, तूफान सिंह यादव, उत्सव जैन, बालेश्वर पाटीदार, धुंधड़का के पंडित लक्ष्मीनारायण जी पाटीदार तथा शिवराम जी मालवीय सहित अन्य गणमान्य अतिथियों द्वारा किया गया।
अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर धार्मिक आयोजन की शुरुआत की। इस दौरान उपस्थित श्रद्धालुओं ने मां मुवाझर माताजी के जयकारों के साथ अपनी आस्था व्यक्त की। कार्यक्रम में क्षेत्र के विभिन्न गांवों से पहुंचे श्रद्धालुओं की सहभागिता ने आयोजन की भव्यता को और बढ़ाया।
श्रद्धालुओं के लिए 70 किलो साबूदाने की खिचड़ी का वितरण
दीपदान महोत्सव में दर्शन एवं पूजन के लिए पहुंचे श्रद्धालुओं की सेवा के उद्देश्य से लगभग 70 किलो साबूदाने की खिचड़ी का वितरण किया गया। आयोजन समिति की ओर से की गई इस व्यवस्था के माध्यम से श्रद्धालुओं को प्रसाद स्वरूप खिचड़ी वितरित की गई।
धार्मिक आयोजन के साथ सेवा और सहयोग की भावना भी देखने को मिली। मंदिर समिति एवं सेवा समिति के सदस्यों ने व्यवस्थाओं को सुचारु रूप से संपन्न कराने में सहयोग प्रदान किया।
दशहरे पर पूर्व सैनिकों ने किया भव्य शस्त्र पूजन
नवरात्रि महोत्सव के पश्चात दशहरे के पावन पर्व पर श्री मुवाझर माताजी मंदिर परिसर में सीतामऊ तहसील के पूर्व सैनिकों द्वारा भव्य शस्त्र पूजन कार्यक्रम आयोजित किया गया। परंपरागत रीति-रिवाजों के अनुसार शस्त्र पूजन कर राष्ट्र, समाज और क्षेत्र की सुख-शांति एवं समृद्धि की कामना की गई।
इस अवसर पर पूर्व सैनिकों ने हर्ष फायर भी किए तथा उपस्थित लोगों को दशहरे की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। धार्मिक आस्था और वीरता के प्रतीक शस्त्र पूजन कार्यक्रम ने दशहरा उत्सव को विशेष स्वरूप प्रदान किया।
मंदिर के विकास एवं धार्मिक गतिविधियों को आगे बढ़ाने का संकल्प
मंदिर समिति के अध्यक्ष अर्जुन गेहलोत ने बताया कि समिति द्वारा मंदिर में धार्मिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों को निरंतर आगे बढ़ाने के साथ मंदिर के नव निर्माण एवं विकास से जुड़े कार्य भी लगातार किए जा रहे हैं। समिति का उद्देश्य मंदिर को क्षेत्र की धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र बनाने के साथ सामाजिक एवं जनकल्याणकारी गतिविधियों को भी प्रोत्साहित करना है।
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से श्रद्धालुओं में धार्मिक चेतना, सामाजिक एकता और आपसी सहयोग की भावना मजबूत होती है। समिति भविष्य में भी मंदिर परिसर में धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों को निरंतर आयोजित करने के लिए प्रयासरत रहेगी।
समिति ने श्रद्धालुओं एवं सहयोगकर्ताओं का जताया आभार
तीन दिवसीय नवरात्रि महोत्सव, भव्य दीपदान एवं दशहरे के शस्त्र पूजन कार्यक्रम को सफल बनाने में मंदिर समिति और सेवा समिति के सदस्यों ने महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया।
इस अवसर पर दिनेश जी हरगोड, वंदना सेन, बलराम जी हरगोड, सुखदेव जी पाटीदार, अशोक जी गेहलोत, बंटी जी व्यास, लक्ष्मीनारायण जी पाटीदार, अनिल जी धनगर, उज्ज्वल जी घाटिया, महिपाल सिंह जी, सत्यनारायण जी पाटीदार, कन्हैयालाल जी पाटीदार, शिवराम जी मालवीय तथा मंदिर के पुजारी रामप्रताप जी माली सहित अन्य सदस्यों एवं सहयोगकर्ताओं ने आयोजन को सफल बनाने में योगदान दिया।
समिति पदाधिकारियों ने कार्यक्रम में शामिल हुए सभी श्रद्धालुओं, अतिथियों, सहयोगकर्ताओं एवं क्षेत्रवासियों के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही मां मुवाझर माताजी से सभी के जीवन में सुख, शांति, स्वास्थ्य एवं समृद्धि बनाए रखने की प्रार्थना की।
21 हजार दीपों की रोशनी, कन्या पूजन की परंपरा, श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद वितरण और दशहरे पर शस्त्र पूजन के साथ श्री मुवाझर माताजी मंदिर का यह धार्मिक आयोजन क्षेत्र में आस्था, सेवा, संस्कृति और सामाजिक एकता का संदेश देकर संपन्न हुआ।
